1.
चेतन आनंद की फिल्म (राजेश खन्ना की पहली फिल्म) ‘आखिरी
खत’ 1966 में जो बालक है वह मास्टर बंटी,
और कोई नहीं बल्कि प्रोड्यूसर और कभी हेमा मालिनी के सचिव रहे इंदर कुमार बहल का
पुत्र बंटी बहल है।
2.
“तुम
अपना रंजो-गम अपनी परेशानी मुझे दे दो” (फिल्म: शगुन) में जो अभिनेत्री पियानो पर
यह गीत गा रही है उसका नाम लिबी राना है, स्क्रीन नाम
निवेदिता था।
3.
“जाने
कहाँ मेरा जिगर गया जी” (फिल्म: मिस्टर एंड मिसेज 55) जॉनी वॉकर के साथ जो
अभिनेत्री है उसका नाम विनीता बट्ट था, स्क्रीन नाम यासमिन
था।
4.
अंग्रेज़
जैसा दिखने वाला सभी पार्टी में सूट-टाई में नीली आँखों वाला अभिनेता (पारसी) का
नाम के.सी. सुपारीवाला था।
5.
“आगे
भी जाने न तू पीछे भी जाने न तू जो भी है यही एक पल है” (फिल्म वक़्त) में क्लब में
पर्दे पर गाने वाली ‘सिंगर’ एरिका लाल है। जो एक रेलवे अधिकारी सी. एस. लाल की बेटी
थी।





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